
देहरादून। उत्तराखंड सरकार खेल विभाग के द्वारा खिलाड़ियों को कितना प्रोत्साहन दिया जा रहा है उस का सच सामने आया है, राज्य के होनहार एवं रुड़की में अध्यापक रहे जगपाल सिंह के सुपुत्र दिव्यांग बैडमिंटन खिलाड़ी वंश उपाध्याय जिसने युगांडा, इजिप्ट एवं बैंकॉक में 2023, 2024में अपनी खूबी के बल पर राज्य, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड, सिल्वर
एवं ब्रोंज मेडल जीते हुए हैं। इसके साथ ही अभी गत सप्ताह ही थाईलैंड में पैरा बैडमिंटन चैम्पियनशिप में क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई थी । सेवानिवृत्त अध्यापक जगपाल सिंह ने सरकार की खेल नीति पर सवाल उठाते हुए मायाभूमि टाईम्स न्यूज से कहा है कि उन्हें सरकार की तरफ से कोई सुविधा नहीं दी गई है। उन्होंने कहा कि अभी तक सारा खर्च उन्होंने खुद वहन किया है। दिव्यांग बैडमिंटन खिलाड़ी वंश के पिता की पीड़ा को क्या सरकार के खेल विभाग द्वारा दूर करने के लिए कोई कार्यवाही की जाएगी या फिर अखबारों, चैनल पर फोटो बयानबाजी तक ही प्रक्रिया रह जाएगी?



